जयपुर, 9 अगस्त। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानी दुनिया के अलग-अलग हिस्सों में राजस्थान की संस्कृति, परंपरा, उद्यमशीलता और सामाजिक मूल्यों के प्रतिनिधि हैं। उन्होंने प्रवासी राजस्थानियों से आह्वान किया कि वे अपने वैश्विक अनुभव, विशेषज्ञता और नेटवर्क का उपयोग राजस्थान के विकास में करें।
मुख्यमंत्री रविवार को बेंगलुरु में राजस्थान फाउंडेशन के विभिन्न चैप्टर्स के अध्यक्षों के साथ चर्चा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राजस्थान संभावनाओं से भरपूर प्रदेश है और प्रवासी राजस्थानी नवाचार, तकनीक, शिक्षा, कौशल विकास, स्वास्थ्य, पर्यटन, स्टार्टअप, कृषि, जल संरक्षण और सामाजिक विकास जैसे क्षेत्रों में महत्वपूर्ण योगदान दे सकते हैं।
निवेशकों को सरकार देगी हर संभव मदद
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार प्रदेश में निवेश को बढ़ावा देने के लिए हर संभव सहायता उपलब्ध करा रही है। सिंगल विंडो क्लीयरेंस के माध्यम से निवेश प्रस्तावों पर प्राथमिकता से आवश्यक कार्रवाई की जा रही है।
उन्होंने कहा कि राजस्थान में निवेशकों के लिए भूमि, सड़क और रेल नेटवर्क, लॉजिस्टिक सुविधाएं, ऊर्जा तथा कुशल मानव संसाधन उपलब्ध हैं।
इन सेक्टरों में निवेश पर सरकार का फोकस
भजनलाल शर्मा ने बताया कि राजस्थान सरकार ग्रीन एनर्जी, इलेक्ट्रिक व्हीकल एवं बैटरी निर्माण, सेमीकंडक्टर, इलेक्ट्रॉनिक्स, टेक्सटाइल, डिफेंस मैन्युफैक्चरिंग, माइनिंग एवं मिनरल आधारित उद्योग, फूड प्रोसेसिंग, आईटी और स्टार्टअप सेक्टर में निवेश को प्रोत्साहित कर रही है।
उन्होंने कहा कि ईज ऑफ डूइंग बिजनेस को बढ़ावा देने के लिए प्रदेश में 35 से अधिक नीतियां लागू की गई हैं।
35 लाख करोड़ के निवेश एमओयू, 9 लाख करोड़ के प्रोजेक्ट्स की ग्राउंड ब्रेकिंग
मुख्यमंत्री ने कहा कि राइजिंग राजस्थान ग्लोबल इन्वेस्टमेंट समिट में करीब 35 लाख करोड़ रुपये के निवेश के एमओयू हुए थे। इनमें से अब तक लगभग 9 लाख करोड़ रुपये के प्रोजेक्ट्स की ग्राउंड ब्रेकिंग हो चुकी है।
662 ऐतिहासिक हवेलियों के संरक्षण की योजना
राजस्थान में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए नई राजस्थान पर्यटन नीति लागू की गई है। मुख्यमंत्री ने कहा कि शेखावाटी की भव्य हवेलियां और उनके ऐतिहासिक भित्ति-चित्र प्रदेश की अमूल्य विरासत हैं।
इनके संरक्षण के लिए शेखावाटी हवेली संरक्षण योजना शुरू की गई है। इसके तहत सीकर, झुंझुनूं और चूरू की 662 ऐतिहासिक हवेलियों को चिन्हित किया गया है।
‘कर्मभूमि से मातृभूमि’ अभियान में जल संरक्षण पर जोर
मुख्यमंत्री ने बताया कि प्रवासी राजस्थानियों के सहयोग से ‘कर्मभूमि से मातृभूमि’ अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत प्रदेश में लगभग 45 हजार भूजल रिचार्ज और जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण किया जा रहा है।
उन्होंने कहा कि अब तक प्रवासियों के सहयोग से 20 हजार से अधिक भूजल रिचार्ज एवं जल संरक्षण संरचनाओं का निर्माण पूरा हो चुका है।
राजस्थान फाउंडेशन के चैप्टर्स को सक्रिय भूमिका निभाने का आह्वान
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रवासी राजस्थानियों का प्रदेश से गहरा जुड़ाव है। वे राजस्थान की विकास यात्रा में महत्वपूर्ण सहयोगी बन सकते हैं।
उन्होंने राजस्थान फाउंडेशन के सभी चैप्टर्स से सक्रिय मंच के रूप में कार्य करते हुए प्रवासी राजस्थानियों को राजस्थान के विकास और निवेश से जोड़ने का आह्वान किया।
इस अवसर पर वरिष्ठ अधिकारी, राजस्थान फाउंडेशन के विभिन्न चैप्टर्स के अध्यक्ष और बड़ी संख्या में प्रवासी राजस्थानी मौजूद रहे।
